धीरेन्द्र शास्त्री का जीवन परिचय।। Dhirendra Shastri biography hindi 2023

तो दोस्तो आज हम धीरेन्द्र शास्त्री जी का जीवन परिचय जानने वाले हैं इसलिए हमारे पोस्ट पर बने रहे और चलिए शुरु करते हैं बीना किसी देरी के

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धीरेन्द्र शास्त्री का जीवन परिचय।। Dhirendra Shastri biography hindi 2023

धीरेन्द्र शास्त्री का प्रारंभिक जीवन परिचय

महाराज जी का जन्म 4 जुलाई 1996 को मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले के गड़ा पाव नामक गांव में हुआ था शास्त्री जी एक ब्रह्मण परिवार से संबंध रखते है जिनके पिता जी का नाम श्री राम कृपालु गर्ग न और माताजी का नाम श्रीमती सरोज गर्ग है इन्होंने अपना बचपन गरीबी मे और गांव मे ही गुजारा आपको बता दे कि धीरेन्द्र शारत्री जी को बचपन से ही आध्यात्मिक चीजो मे काफी प्रयादा रुचि थी जो अपनी सारी शिक्षा अपने दादा जी से प्राप्त की है।

 

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का परिवार 

धीरेंद्र शास्त्री के परिवार मे कुल 5 सदस्य है जिसमे दादा जी श्री भगवाद दास गर्ग, पिता राम कृपाल गर्ग माता सरोज गर्ग और छोटे भाई का नाम शालिग्राम गडी और बहन का नाम रीता गर्ग है लेकिन अभी तक शास्त्री जी का विवाह नही हुआ है।

 

धीरेन्द्र शास्त्री का जन्म कहाँ और कब हुआ 

महान कथावाचक धीरेन्द्र शास्त्री जी का जन्म मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले के गड़ा पाव नामक गाँव मे हुआ था जोकि 4 जुलाई 1996 का हुआ था।

 

महाराज धीरेन्द्र शास्त्री की शिक्षा 

महाराज जी अपनी प्रारंभिक शिक्षा अपने गांव के एक सामान्य स्कूल से ही प्राप्त कि लेकिन उच्च कक्षा मे अपने के घर से 5 किलोमीटर दूर पढ़ने जाना पड़ता था इसके बाद उन्होने कॉलेज मे नामाकंन लिया और अपनी ग्रेजुएशन कि डिग्री पूरा की हाँलाकि उन्हे पढ़ाई में कोई खास रूचि नहीं थी इसलिए उन्होंने अपने दादा जी से रामायण, महाभारत, भागवत जीता जैसे महा ग्रंथो कि शिक्षा ग्रहण कि और हनुमान जी कि भक्ति मे लग गए और कम उम्र में ही सिद्धि प्राप्त कर ली।

महाराज बीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री के गुरु

धीरेन्द्र शास्त्री का पुरा परिवार बागेश्वर धाम मे काफी ज्यादा श्रद्धा रखते हैं ऐसा इनके पूर्वजों से चला आ रहा है क्योकि यही पर इनके दादा गुरू सन्यासी बाबा कि समाधि भी है आज से करीबन 320 साल पहले समाथि ली थी।

इनके दादा जी बहुत समय पहले से ही दरबार लगाया करते थे जिसे देखकर और जानकर धीरेंद्र के अन्दर भी इसकी आस्था जगी और अपने दादा जी के दरबार मे अर्जी लगाई और परिवार की हालात से छुटकारा पाने को मांगा। और फिर दादा जी ने इन्हे आशीर्वाद दीया की सब कुछ ठीक हो जायेगाऔर फिर इन्हे अपना शिष्य बना लिया और वहीं से उन्होंने सिद्धि की शिक्षा प्राप्त कि और दरबार लगाना शुरू कर दी।

 

बागेश्वर धाम क्या है

यह धाम एक मन्दिर है जिसमे हनुमान जी कि मूर्ति विद्यमान है जोकि मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले मे मौजूद है जहाँ पर धिरेन्द्र शास्त्री जी का जन्म हुआ था यहाँ पर लोग मंगलवार को दर्शन करने आते हैं और अपनी अर्जी लगाते है साथ एक नारियल को लाल कपड़े मे बाँधकर लाते है ऐसा करने से उनकी मनोकामनाएँ पूरी होती है साथ ही यही पर शास्त्री जी का भव्य दरबार भी लगता है।

धीरेन्द्र शास्त्री

बागेश्वर धाम मे टोकन का प्रचलन 

यदि कोई व्यक्ति इस मन्दिर मे पहली बार दर्शन के लिए आता है तो यहाँ पर सेवा समिति कि ओर से एक टोकन प्रदान किया जाता है जिसमें आपका मोबाईल नंबर और अपके नाम कि जानकारी होती है।

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अर्जी कैसे लगाए वो भी घर बैठे ऐसा 

कहा जाता है कि अगर आप बागेश्वर धाम नही पहुँच सकते तो घर से अर्जी लगाने के लिए आपको एक लेना है और उसे एक कपड़ा में बाँधकर ओम बागेरराय नमः का जाप करके अपने मन अपनी ईच्छा या प्रश्न को बोलना है इससे आपकी अर्जी लग जाएगी और आपकी मनोकामनाएं भी पूरी हो जाएगी।

 

कैसे जाए बागेश्वर धाम

इस धाम पर जाने के आपको ट्रेन कि मदद लेनी होगी जिसमे आपको खजुराह, स्टेशन तक का, टिकट कराना होगा और उसके बाद 20km और आगे जाना होगा जिसके लिए ऑटो या बस मिल जाएगा। और इस प्रकार आप आसानी से पहुंच जाएंगे।

 

कैसे बने शास्त्री जी कथावाचक 

धीरेंद्र शास्त्री के कथावाचक बनने के पीछे, एक संघर्षपूर्ण कहानी है क्योंकि जब ये छोटे थे तो उनके परिवार को आर्थिक रूप से काफी ज्यादा परेशानीयो का सामना करना पड़ता था फिर ये जब बड़े हुए तो परेशानियो को दूर करने के लिए सत्यनाययण भगवान की कथा सुनाने लगे और इस प्रकार थे एक कथावाचक बन गए।

 

शास्त्री को मिला सम्मान

जब धिरेन्द्र शास्त्री जी 1 जून से 15 जून के बिच इंग्लैण्ड मे कथावाचन करने गए तो वहा उन्हें खूब प्यार और स्वागत मिला जिसमे वे वहाँ पर भगवतगीता और हनुमत कथा का वाचन किए जिसके कारण उन्हे ब्रिटीश संसद ने तीन अवॉड दिए जो इस प्रकार है।

  • संत शिरोमणि
  • वर्ल्ड बुक ऑफ लंदन
  • वर्ल्ड बुक ऑफ यूरोप

 

धीरेन्द्र शास्त्री के चमत्कार 

ऐसा बताया जाता है कि शास्त्री जी लोगों की परेशानीयों को जानकर उनसे छुटकारा पाने का उपाय बताते है जिसके लिए आपको वहा हाजरी लगाना होता है जोकि यह हाजरी एक पर्ची के द्वारा लगाई जाती है जिसपर भक्त का नाम होता हैं और उसे एक बॉक्स में रख दिया जाता है जिसके बाद एक पर्ची निकाली जाती है और उसे बुलाई जाती है जिसमे महाराज जी उसका नाम पढ़ते ही उसकी सारी समस्या बता देते है

 

महाराज धीरेन्द्र कृष्ण का नेटवर्थ

महाराज जी कि प्रतिदिन कि कमाई करीबन 8 हजार रुपए है और प्रतिमाह 3.5 लाख कमा लेते है जिस कारण उनकी नेटवर्थ लगभग 19.5 करोड रुपए हैं।

 

FAQ:

1) पंडित धीरेंद्र शास्त्री की उम्र कितनी है 

उत्तर : 27 साल

2) धीरेंद्र शरत्री की फीस कितनी है ? 

उत्तर : इसका सही जवाब नहीं है

3) धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के परिवार मे कौन कौन है

उत्तर: माता, पिता और एक भाई और एक बहन

4) सन्यासी बाबा कौन होते है 

उत्तर: धीरेन्द्र शास्त्री के परबाबा

5) बागेश्वर धाम का मोबाइल नंबर 

उत्तर: 8982862921 या 8120592371